पटना, 22 जनवरी 2026:
महिला एवं बाल विकास निगम, बिहार द्वारा UNICEF के तकनीकी सहयोग से आयोजित चार दिवसीय किशोर-किशोरी जीवन कौशल प्रशिक्षण (भाग-2) का आज सफलतापूर्वक समापन दीप नारायण सिंह क्षेत्रीय सहकारी प्रबंधन संस्थान, पटना में किया गया। यह प्रशिक्षण 19 से 22 जनवरी 2026 तक आयोजित किया गया, जिसमें राज्य के 19 जिलों से पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग अंतर्गत संचालित ओ.बी.सी.+2 कन्या आवासीय विद्यालयों के 34 शिक्षक एवं शिक्षिकाओं ने भाग लिया।
प्रशिक्षण का विधिवत उद्घाटन निगम की उपसचिव श्रीमती मार्गन सिन्हा द्वारा किया गया। उद्घाटन सत्र में UNICEF से सामाजिक व्यवहार परिवर्तन विशेषज्ञ श्रीमती मोना सिन्हा, बाल संरक्षण विशेषज्ञ श्री बंकु बिहारी सरकार, बाल संरक्षण अधिकारी श्रीमती गार्गी साहा, महिला एवं बाल विकास निगम से ए.एल.एस. नोडल पदाधिकारी श्रीमती अंकिता कश्यप तथा प्रबंधक (क्षमता वर्धन) श्रीमती रश्मि रंजन उपस्थित रहीं।

प्रशिक्षण के अंतिम दिन प्रतिभागियों द्वारा मॉक सेशन, कार्ययोजना निर्माण एवं पोस्ट-असेसमेंट गतिविधियाँ संपन्न की गईं। समापन समारोह के दौरान पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के उपनिदेशक श्री गोपाल प्रसाद ने प्रतिभागियों से कार्यक्रम पर फीडबैक प्राप्त किया तथा प्रशिक्षण की सराहना की।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत किशोर स्वास्थ्य, दुर्घटनाओं एवं चोटों से सुरक्षा, समान वृद्धि, मानसिक स्वास्थ्य, बड़े होने की प्रक्रिया, संबंधों का निर्माण, बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम तथा सुगमीकरण की प्रक्रिया जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेष रूप से चर्चा की गई। प्रशिक्षण के संचालन में UNICEF के वरीय परामर्शी श्री सुधाकर, राज्य स्तरीय रिसोर्स पर्सन श्रीमती अनुराधा, श्री शिव शंकर, श्री अमित कुमार तथा पटना विश्वविद्यालय की सहायक प्रोफेसर श्रीमती निधि सिंह ने प्रशिक्षक के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य किशोरावस्था में जीवन कौशल ढांचे की गहन समझ विकसित करना तथा ओ.बी.सी.+2 आवासीय विद्यालयों में किशोर-किशोरी जीवन कौशल प्रशिक्षण मॉड्यूल के प्रभावी प्रसार को सुनिश्चित करना है। प्रशिक्षण में शामिल सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं ने इसे अत्यंत उपयोगी बताते हुए विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में सहायक बताया।
